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नई दिल्ली: 30 जून विश्व बैंक  ( World bank) ने कोविड-19 महामारी से प्रभावित भारत के असंगठित क्षेत्र के मजदूर वर्ग की मदद के लिए बुधवार को 50 करोड़ डॉलर यानी 3,717.28 करोड़ रुपये के ऋण को मंजूरी (World Bank approves $500 million loan) दी। विश्व बैंक ने एक बयान में कहा कि यह ऋण राज्यों को मौजूदा महामारी व भविष्य के जलवायु और आपदा के संकटों से निपटने में मदद प्रदान करेगा।

World Bank approves $500 million loan

500 मिलियन अमरीकी डालर में से 112.50 मिलियन अमरीकी डालर विश्व बैंक की रियायती ऋण देने वाली शाखा इंटरनेशनल डेवलपमेंट एसोसिएशन द्वारा दिये जाएंगे और 387.50 मिलियन अमरीकी डालर पुनर्निर्माण और विकास के लिए अंतर्राष्ट्रीय बैंक (IBRD) द्वारा लोन के रूप में दिये जाएंगे।

World Bank approves $500 million loan, पांच वर्ष की छूट की अवधि

बैंक के अनुसार यह ऋण 18.5 वर्षो में लौटाना है। इसमें पांच वर्ष की छूट की अवधि शामिल है। विश्वबैंक ने कहा कि कोविड महामारी की शुरुआत के बाद से गरीब और कमजोर परिवारों की मदद के लिए भारत के सामाजिक सुरक्षा कार्यक्रमों को मजबूत करने की दिशा में वह अबतक 1.65 अरब डॉलर यानी 12,264.54 करोड़ रुपये का ऋण दे चूका है। उसने कहा कि इस राशि का उपयोग शहर के अनौपचारिक श्रमिकों, अस्थायी कर्मियों और प्रवासी मजदूरों के लिए सामाजिक सुरक्षा कार्यक्रम में किया जाएगा।

World Bank approves $500 million loan

विश्व बैंक ने कहा कि पिछले साल स्वीकृत दो कार्यों के तहत पहले से मौजूद राष्ट्रीय सामाजिक सुरक्षा योजनाओं के माध्यम से लगभग 320 मिलियन व्यक्तिगत बैंक खातों में तत्काल आपातकालीन राहत नकद हस्तांतरण प्रदान किया गया और लगभग 800 मिलियन (80 करोड़) व्यक्तियों के लिए अतिरिक्त राशन प्रदान किया गया।

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भारत में विश्वबैंक के निदेशक जुनैद अहमद ने कहा, ‘जब देश आर्थिक बाधाओं और कोविड महामारी का सामना कर रहे हैं, तब इस रकम का उद्देश्य सामाजिक सुरक्षा में निवेश करके अर्थव्यवस्थाओं और आजीविका के साधनों का निर्माण करना है। यह भारत में विश्वबैंक द्वारा समर्थित सामाजिक सुरक्षा कार्यक्रमों का व्यापक उद्देश्य है।

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रेहड़ी पटरी पर सामान बेचने वाले भारत की शहरी अनौपचारिक अर्थव्यवस्था का एक अभिन्न अंग हैं। यह कार्यक्रम ऐसे लोगों को कम धंधे के लिए 10,000 रुपये तक के ऋण सहायता देने के लिए है। इस कार्यक्रम से करीब पचास लाख रेहड़ी पटरी वालों को सहायता मिलेगी।

By Biharkhabre Team

मेरा नाम शाईना है। मैं बिहार के भागलपुर कि रहने बाली हूं। मैंने भागलपुर से MBA की पढ़ाई कंप्लीट की हूं। मैं Reliance में कुछ समय काम करने के बाद मैंने अपना खुद का एक ब्लॉग बनाया। जिसका नाम बिहार खबरें हैं, और इस पर मैंने देश-दुनिया से जुड़े अलग-अलग विषय में लिखना शुरू किया। मैं प्रतिदिन देश दुनिया से जुड़े अलग-अलग जानकारी अपने Blog पर Publish करती हूं। मुझे देश दुनिया के बारे में नई नई जानकारी लिखना पसंद है।

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